Font by Mehr Nastaliq Web
noImage

अल्फ़्रेड एडलर

1870 - 1937

अल्फ़्रेड एडलर के उद्धरण

श्रेणीबद्ध करें

प्रतिभाशाली लोगों की प्रशंसा की जाती है, धनवानों से ईर्ष्या की जाती है, शक्तिशाली लोगों से डर लगता है; लेकिन केवल चरित्र वाले लोगों पर ही भरोसा किया जाता है।

हमारे आधुनिक राष्ट्र भविष्य के दुश्मन को जाने बिना ही युद्ध की तैयारी कर रहे हैं।

सच्चाई अक्सर आक्रामकता का एक भयानक हथियार होता है। सच के साथ झूठ बोलना और यहाँ तक कि हत्या करना भी संभव है।

मनुष्य की सार्थक उपलब्धियाँ वे हैं जो सामाजिक रूप से उपयोगी हैं।

यह नियम है कि मनुष्य अपने पड़ोसी से अपने समान प्रेम करे। कुछ सौ वर्षों में यह मानव जाति के लिए उतना ही स्वाभाविक होना चाहिए जितना कि साँस लेना या सीधा चलना, पर अगर मनुष्य इसे नहीं सीखता है तो वह तबाह हो जाएगा।

यह सर्वविदित है कि जो लोग ख़ुद पर भरोसा नहीं करते हैं, वे कभी दूसरों पर भरोसा नहीं करते हैं।

सभी विफल व्यक्ति—विक्षिप्त व्यक्ति, मनोरोगी, अपराधी, शराबी, समस्याग्रस्त बच्चे, आत्महत्या करने वाले, विकृत और वेश्याएँ—इसलिए विफल हैं, क्योंकि उनमें सामाजिक संबंध की कमी है।

जीवन तैरना सीखने की तरह है। ग़लतियाँ करने से मत डरो, क्योंकि जीना सीखने का और कोई तरीक़ा नहीं है!

सिर्फ़ सामान्य लोग ही होते हैं, जिन्हें आप बहुत अच्छी तरह से नहीं जानते हैं।

जीवन-शैली एक इकाई है, क्योंकि यह प्रारंभिक जीवन की कठिनाइयों और लक्ष्य के लिए प्रयास करने से विकसित हुई है।

वह अपने उदास रोगियों से कहा करते थे : ‘आप इस नुस्ख़े से चौदह दिनों में ठीक हो सकते हैं। हर दिन यह सोचने की कोशिश करें कि आप किसी को कैसे ख़ुश कर सकते हैं।’

प्रत्येक विक्षिप्त व्यक्ति आंशिक रूप से सही है।

मनुष्य जितना समझता है, उससे कहीं अधिक जानता है।

कठिनाइयों पर क़ाबू पाने से हममें साहस और स्वाभिमान आता है और हम ख़ुद को जान लेते हैं।

दोस्ती में हम दूसरे व्यक्ति की आँखों से देखना, उसके कानों से सुनना और उसके दिल से महसूस करना सीखते हैं।

शुरू में यह विश्वास करना आसान है कि जीवन लंबा है और हमारी प्रतिभा विशाल है; लेकिन जब जीवन की सीमाएँ और अधिक स्पष्ट होती जाती हैं, यह स्पष्ट हो जाता है कि महान कार्य शायद ही कभी किया जा सकता है।

हमें बुरे स्वभाव की व्याख्या हीन भावना की निशानी के रूप में करनी चाहिए।

अपने देश के लिए झूठ बोलना हर व्यक्ति का देशभक्तिपूर्ण कर्त्तव्य है।

मनुष्य का लक्ष्य विजय, पूर्णता, सुरक्षा और श्रेष्ठता है।

युद्ध हमारे भाइयों के ख़िलाफ़ संगठित हत्या और यातना है।

मेरी मुश्किलें मेरी अपनी हैं।

जीवन में बड़ा ख़तरा यह है कि आप बहुत अधिक सावधानी बरत सकते हैं।

जो लोग हमेशा के लिए जीते रहेंगे, वे केवल युवाओं को बाधित और हतोत्साहित करेंगे; बल्कि उनके ख़ुद के पास रचनात्मक होने के लिए पर्याप्त प्रोत्साहन नहीं होगा।

अपने दिल का कहा मानो, लेकिन अपने दिमाग़ को साथ लेकर चलो।

सुख का साहस है और दुख का भी साहस है।

शिक्षक को अपने शिष्य की संभावित शक्ति में विश्वास करना चाहिए, और उसे अपनी सारी कला को अपने शिष्य को इस शक्ति का अनुभव कराने की कोशिश में लगा देना चाहिए।

साहस कोई ऐसी क्षमता नहीं है जो किसी के पास है या नहीं है। साहस जोखिम वाले कार्य में जुट जाने की इच्छा है, भले ही परिणाम अज्ञात हों या संभावित रूप से प्रतिकूल हों। हम साहसी व्यवहार करने में सक्षम हैं, अगर हम ऐसा करने के इच्छुक हों।

खेल बच्चों का काम है और यह कोई मामूली काम नहीं है।

हम यह नहीं कह सकते हैं कि अगर कोई बच्चा कुपोषित होगा, वह अपराधी बन जाएगा। हमें देखना चाहिए कि बच्चे ने क्या निष्कर्ष निकाला है।

मृत्यु वास्तव में मानवता के लिए एक महान वरदान है, इसके बिना कोई वास्तविक प्रगति नहीं हो सकती।

केवल गति पर भरोसा करो। जीवन घटनाओं के स्तर पर घटता है, शब्दों के स्तर पर नहीं।

मेरा मनोविज्ञान सभी का है।

अर्थ परिस्थितियों से निर्धारित नहीं होते हैं, बल्कि हम ख़ुद को उन अर्थों से निर्धारित करते हैं जो हम परिस्थितियों को देते हैं।

मैं उस विचार के लिए आभारी हूँ जिसने मुझे इस्तेमाल किया है।

अपने सिद्धांतों के लिए लड़ना, उनके लिए जीने की तुलना में अधिक आसान है।

प्रतिभा नाम की कोई चीज़ नहीं होती है। दबाव होता है।

इंसान होने का मतलब है—तुच्छ महसूस करना।

यह एकदम स्पष्ट है कि हम तथ्यों से नहीं, बल्कि तथ्यों की हमारी व्याख्या से प्रभावित होते हैं।

सब कुछ हमेशा अलग हो सकता है!

अत्यधिक संवेदनशीलता हीन भावना की अभिव्यक्ति है।

aaj ik aur baras biit gayā us ke baġhair

jis ke hote hue hote the zamāne mere

Recitation