Font by Mehr Nastaliq Web

भोजपुरी पर गीत

लगी जाई भूख त का खइबा हो

रामजियावान दास ‘बावला’

दुनियाँ चलती फिरती

रामजियावान दास ‘बावला’

आयल चुनाव फेरु आय गइलैं

रामजियावान दास ‘बावला’

अबकी जिताइ के देखा हो पंचो

रामजियावान दास ‘बावला’

दुनियाँ में चार दिन क जिनिगी के खेल

रामजियावान दास ‘बावला’

नैना झरे हरसिंगार

भोलानाथ गहमरी

मीले ना सँवरिया हमार

भोलानाथ गहमरी

हट चूड़ी पहन ले कलइया में

रामजियावान दास ‘बावला’

कहीं जीत कहीं हार

भोलानाथ गहमरी

पाँच बरिस पर मोहर लगाके

तैयब हुसैन पीड़ित

लाली-लाली डोलिया

भोलानाथ गहमरी

सिया जी के अँसुवा में जिनिगी नहाय

रामजियावान दास ‘बावला’

नमन बाटै

रामजियावान दास ‘बावला’

आन्ही आइल पानी आयल

रामजियावान दास ‘बावला’

बसन्त रितु रंग भरे

अशोक द्विवेदी

बारूद पर गाँव

ब्रजभूषण मिश्र

आइल फिर 26 जनउरी

रामजियावान दास ‘बावला’

बैरिन बेयार

मूंगालाल शास्त्री

गंध मदन के

भोलानाथ गहमरी

जब से भइल बा पंचकुटी सरकार हो

रामजियावान दास ‘बावला’

कब फूटल किरिनिया

मूंगालाल शास्त्री

परदेस पिया के ना धारे!

तैयब हुसैन पीड़ित

डिम डिम डमरू बजावेला हमार जोगिया

रामजियावान दास ‘बावला’

कइसे कहीं की भारत हौ

रामजियावान दास ‘बावला’

सूखा

रामजियावान दास ‘बावला’

बबुआ बोलता ना

रामजियावान दास ‘बावला’

अगर महराज न बदलवा

रामजियावान दास ‘बावला’

गिट्टी ऊ तूड़े

मूंगालाल शास्त्री

दिल के भीतर

सूर्यदेव पाठक ‘पराग’

कलकतवा से मोर पिया

महेन्द्र मिसिर

लौ जरे अविरल हो...

अशोक द्विवेदी

बदरा ले जा सनेस

भोलानाथ गहमरी

कइसे लेहीं उतराई हो

रामजियावान दास ‘बावला’

ऊ आ हम

तैयब हुसैन पीड़ित

जनम लेली बेटी

मूंगालाल शास्त्री

अइसन लागल चोट

ब्रजभूषण मिश्र

जनतंत्र

रामजियावान दास ‘बावला’

हम केकर केकर हाल बताईं

रामजियावान दास ‘बावला’

कवन बन गइलैं ललना हमार हो

रामजियावान दास ‘बावला’