Font by Mehr Nastaliq Web

निर्वासन पर गीत

लगी जाई भूख त का खइबा हो

रामजियावान दास ‘बावला’

कवन बन गइलैं ललना हमार हो

रामजियावान दास ‘बावला’

कौशल्या राम से

रामजियावान दास ‘बावला’

कउने नरेसवा क देसवा उजरि गइलै

रामजियावान दास ‘बावला’

परदेस पिया के ना धारे!

तैयब हुसैन पीड़ित

बबुआ बोलता ना

रामजियावान दास ‘बावला’