स्वामी की दादी
बैठक और भोजन-कक्ष के बीच कम हवादार अँधेरे गलियारे की बंद-सी कोठरी में स्वामीनाथन की दादी अपने सारे सामान के साथ रहती थीं। उनका सामान था—पाँच दरियों, तीन चादरों, पाँच तकियों वाला भारी-भरकम बिस्तर, पटसन के रेशे का बना एक वर्गाकार बक्सा और लकड़ी का एक