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आंतरिक शासन

antrik shasan

अनुवाद : इबोहल सिंह काड़्जम

सनख्या इबोतोम्बी

सनख्या इबोतोम्बी

आंतरिक शासन

सनख्या इबोतोम्बी

और अधिकसनख्या इबोतोम्बी

    एक गेरुआधारी आकार गिर पड़ा

    सोने के सिंहासन के पैरों में

    दया की एक दृष्टि

    चाहता था उसका मन।

    राजचक्रवर्ती क्लोडियम ने आदेश दिया

    गेरुआधारी की इच्छा-पूर्ति का

    पास बैठे सेनापति ने उठकर गंभीरता से

    मुस्कराकर घुसेड़ दी तलवार

    गेरुआधारी की छाती में पूरी।

    उस व्यक्ति की अंतिम साँस

    अभिशाप है साम्राज्य टूटने का

    अभिशाप है क्लोडियम के लिए व्याधि रोग से सड़ने का

    लगता है, कोई प्रभाव नहीं पड़ा कानों में उस राजचक्रवर्ती के।

    स्टेडियम के एक खंभे पर

    एक कौए ने सबको देखा, सबको सुना

    ग़ुस्से से आग-बबूला हो गया

    बुरी तरह से डाँटा उस राजचक्रवर्ती को

    डाँटते-डाँटते उड़ गया मुहल्ले और गलियों में।

    स्रोत :
    • पुस्तक : आधुनिक मणिपुरी कविताएँ (पृष्ठ 84)
    • संपादक : देवराज
    • रचनाकार : सनख्या इबोतोम्बी
    • प्रकाशन : वाणी प्रकाशन
    • संस्करण : 1989
    हिंदी क्षेत्र की भाषाओं-बोलियों का व्यापक शब्दकोश : हिन्दवी डिक्शनरी

    हिंदी क्षेत्र की भाषाओं-बोलियों का व्यापक शब्दकोश : हिन्दवी डिक्शनरी

    ‘हिन्दवी डिक्शनरी’ हिंदी और हिंदी क्षेत्र की भाषाओं-बोलियों के शब्दों का व्यापक संग्रह है। इसमें अंगिका, अवधी, कन्नौजी, कुमाउँनी, गढ़वाली, बघेली, बज्जिका, बुंदेली, ब्रज, भोजपुरी, मगही, मैथिली और मालवी शामिल हैं। इस शब्दकोश में शब्दों के विस्तृत अर्थ, पर्यायवाची, विलोम, कहावतें और मुहावरे उपलब्ध हैं।

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