1930 - 2021 | मेरठ, उत्तर प्रदेश
शब्द-शोध और उसके विस्तार के लिए समादृत व्यक्तित्व। कमलेश्वर के शब्दों में—शब्दाचार्य। अपनी पत्नी कुसुम कुमार के साथ हिंदी के प्रथम समांतर कोश (थिसॉरस) के निर्माण के लिए लोकप्रिय।
शब्द-शोध और उसके विस्तार के लिए समादृत व्यक्तित्व। कमलेश्वर के शब्दों में—शब्दाचार्य। अपनी पत्नी कुसुम कुमार के साथ हिंदी के प्रथम समांतर कोश (थिसॉरस) के निर्माण के लिए लोकप्रिय।